गामा ओराइजनाॅल एक पदार्थ है, जो चावल की भूसी के तेल (राइस ब्रैन ऑयल) से निकाला जाता है। इसका वानस्पतिक नाम ओराइजा सेटाइवा है। इसे राइस ब्रैन वैक्स और राइस ब्रैन प्रोटीन भी कहा जाता है। यह गेहूं के चोकर और कुछ फलों और सब्जियों में भी पाया जाता है। लोग इसका उपयोग औषधि के रूप में करते हैं। जापान में इसको मेनोपॉज के लक्षण, एंग्जायटी, पेट खराब और उच्च कोलेस्ट्रॉल के लिए प्रयोग किया जाता है। यूएस में इसे स्पोर्ट्स सप्लीमेंट और कोलेस्ट्रॉल को कम करने के लिए इसे इस्तेमाल किया जाता है। हालांकि, इन परेशानियों के लिए इसके इस्तेमाल को लेकर अधिक शोध करने की जरूरत है. गामा ओराइजनाॅल का उपयोग किस लिए किया जाता है?
कोलेस्ट्रॉल को करे कम
इसमें कई ऐसे रसायन पाए जाते हैं, जो कोलेस्ट्रॉल और सूजन को कम करने में मददगार है। गामा ओराइजनाॅल आंत कोशिकाओं द्वारा कोलेस्ट्रॉल को अवरुद्ध करता है। ये HMG-CoA रिडक्टेस नामक एंजाइम को कम करता है जो कोलेस्ट्रॉल उत्पादन को बढ़ावा देता है।
ऐथिरोस्क्लेरोसिस से बचाव
चूहों पर किए गए एक शोध में पाया गया कि गामा ओराइजनाॅल कोलेस्ट्रॉल को कम करने के साथ एओर्टिक फैटी स्ट्रीक्स को कम करता है। बता दें, फैटी स्ट्रीक्स धमनियों के सख्त होने का संकेत हैं।
मांसपेशियों को बनाए मजबूत:
एक शोध में मालूम हुआ गामा ओराइजनाॅल को देने से बेंच प्रेस और लेग कर्ल के परिणामों में सुधार हुआ। इससे पता चलता है कि इसे लेने से मांसपेशियों की ताकत में सुधार हो सकता है। हालांकि एक दूसरे शोध में ऐसा नहीं देखा गया। इस पर अधिक शोध की जरूरत है।
डायबिटीज में फायदेमंद:
गामा ओराइजनाॅल ग्लूकोज लेवल में सुधार करता है। ये ग्लूकोज-उत्तेजित इंसुलिन रिलीज बढ़ाने के लिए सीधे पैंक्रियाटिक सेल्स पर असर डालता है। जिससे ब्लड में मौजूद शुगर लेवल कंट्रोल रह सकता है।
एंटीकैंसर प्रोपर्टीज:
गामा ओराइजनाॅल में कई ऐसे रसायन होते हैं जो कैंसर से बचाव में मदद करते हैं। इसमें Cycloartenol ferulate नामक रसायन होता है जो स्किन ट्यूमर को बढ़ने से रोकता है।
स्किन के लिए फायदेमंद:
एंटी-ऑक्सिडेंट्स गुणों से भरपूर होने के कारण ये झुर्रियों और त्वचा पर बुढ़ापा आने से रोकता है। यही नहीं त्वचा संबंधी अन्य परेशानियों से बचाने में मदद करता है।
इन परेशानियों में भी है मददगार:
ऑस्टिओपरोसिस
शरीर में होने वाले सूजन की समस्या को दूर करने में मददगार है
इम्यून सिस्टम को बनाए बेहतर बनाये रखा जा सकता है
अल्सर से बचाव करता है
मेनोपॉज के लक्षण या अर्ली मेनोपॉज की संभावना न के बराबर होती है
एंग्जायटी या बेचैनी की समस्या दूर हो सकती है
पेट खराब की परेशानी दूर होती है
उच्च कोलेस्ट्रॉल को नॉर्मल करने में मदद करता है
लिवर को रखे सुरक्षित है
गैस्ट्रोइंटेस्टाइनल डिसऑर्डर की समस्या ठीक हो सकती है
इन परेशानियों के साथ-साथ अन्य परेशानी भी दूर हो सकती है।
कैसे काम करता है गामा ओराइजनाॅल?
गामा ओराइजनाॅल कैसे काम करता है इसके बारे में अधिक शोध करने की जरूरत है। हालांकि, कई शोध में पाया गया कि ये खाद्य पदार्थों से कोलेस्ट्रॉल के अवशोषण को कम करके कोलेस्ट्रॉल के स्तर को कम करता है। मेनोपोज के लक्षण को कम करने में ये कैसे मदद करता है इस बारे में अभी भी कोई पुख्ता जानकारी नहीं है, लेकिन कई विशेषज्ञों का मानना है कि ये ल्यूटिनाइजिंग हार्मोन पर प्रभाव के कारण फायदेमंद है। इसमें मौजूद एंटी-इंफ्लमेटरी और एंटीकैंसर प्रोपर्टीज हमें कई तरह से फायदा पहुंचाती हैं।